ग्रामीण अर्थव्यवस्था

कब खुलेंगे बुंदेलखंड के घरों में लटके पलायन के जंग लगे ताले?

बुंदेलखंड में पलायन: कब खुलेंगे बंद घरों के ताले?

​बुंदेलखंड.. यह केवल एक नाम या क्षेत्र नहीं है, यह शौर्य और स्वाभिमान की वह धरती है, जिसने रानी लक्ष्मीबाई जैसे वीरों को जन्म दिया। लेकिन, आज जब हम इस माटी की ओर देखते हैं, तो समझ आता है कि वर्तमान में इस वीर धरा की सबसे बड़ी त्रासदी कोई युद्ध नहीं, बल्कि वह खामोश ‘पलायन’ है, जो हमारे गाँवों...

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क्लाइमेट चेंज का चुनावी मुद्दा ‘ग्रीन राजनीति की रणनीति’

क्लाइमेट चेंज और ग्रीन राजनीति को दर्शाता भारतीय ग्रामीण एवं राजनीतिक दृश्य

भारतीय राजनीति में चुनावी मुद्दे समय के साथ बदलते रहे हैं। कभी विकास, कभी महँगाई, कभी रोजगार तो कभी सुरक्षा जैसे मुद्दे राष्ट्रीय विमर्श के केंद्र में रहे हैं। लेकिन, अब राजनीति एक ऐसे मोड़ पर खड़ी है, जहाँ पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन जैसे मुद्दे केवल वैश्विक बहस तक सीमित नहीं रह गए हैं, बल्कि सीधे आम नागरिक के जीवन,...

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